जैमिनी ज्योतिष (Jaimini Jyotish) में विवाह के विचार के लिए उपपद को एक महत्वपूर्ण कारक के रुप में देखा जाता है. उपपद और दाराकारक (Uppad and Dara Karak) से दूसरे एवं सातवें घर एवं उनके स्वामियों का भी विवाह के संदर्भ में विचार किया जाता है. इ...

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ज्योतिषशास्त्र के आधार ग्रह और राशि हैं. इन्हीं की स्थितियों के आधार पर व्यक्ति विशेष के जीवन में उतार-चढ़ाव तथा यश-अपयश व सुख-दुख का विचार किया जाता है. यह सभी विषय व्यक्ति को उनकी कुण्डली में स्थिति ग्रह और राशियों की शक्ति के अनुरूप कम व...

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जैमिनी ज्योतिष (Jaimini Jyotish) में आत्मकारक ग्रह नवमांश कुण्डली में जिस राशि में होता है वह कारकांश राशि (Karkamsha Rashi) कहलाती है. कारकांश राशि को लग्न माना जाता है और अन्य ग्रहों की स्थिति जन्म कुण्डली की तरह होने पर जो कुण्डली तैयार ...

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